नए साल की पूर्वसंध्या, 31 दिसंबर से सर्दी और कोहरे का रंग गहरा हो गया है। तमाम गर्म कपड़े पहनने के बावजूद ठंडी हवाएं शरीर पर किसी नश्तर की तरह चुभ रही थीं। गुरुवार को कंपकंपाती सुबह कोहरे की चादर में लिपटी रही। सूरज के दर्शन भी काफी समय बाद हुए। पिछले 24 घंटे के दौरान राज्य में ठंड लगने से 9 और लोगों की मौत हो गई। घने कोहरे से ट्रेनों के रद्द होने का सिलसिला बढ़ता जा रहा है। एनआर और एनईआर ने अपनी 10 और ट्रेनों को 4 जनवरी से रद्द करने का फैसला किया है। यह सभी ट्रेनें 17 फरवरी तक कैंसल रहेगी। लंबी दूरी तय करने वाली अधिकतर ट्रेनें पहले से ही काफी लेट चल रही हैं। कुछ ट्रेनें कैंसल भी की गई है। अगले 48 घंटे के दौरान मौसम विभाग ने यूपी-उत्तराखंड के तमाम हिस्सों में कोहरे के गहराने और कई जगहों पर पाला पड़ने की आशंका जाहिर की है।
लखनऊ में गुरुवार की सुबह 9 बजे तक कोहरा छाया रहा। कोहरे का रंग 9.30 बजे के बाद ही उतर पाया। 3 दिन के बाद धूप खिली, इसके बाद भी लखनऊ वासियों को गुरुवार को गलन भरी सर्दी का सामना करना पड़ा। कोहरे से सड़क पर गाडि़यां भी रेंग-रेंग कर चलने के लिए मजबूर है। पिछले 24 घंटे के दौरान ठंड लगने से देवरिया, चंदौली और गाजीपुर में 2-2 और बिजनौर, झांसी और बाराबंकी में 1-1 व्यक्ति की मौत हो गई। इसके साथ ही इस मौसम में ठंड लगने से मरने वालों की तादाद बढ़कर 116 हो गई है।
कोहरे के कारण ही दिल्ली से आने वाली गोरखधाम एक्सप्रेस, वैशाली एक्सप्रेस, आम्रपाली एक्सप्रेस काफी देरी से पहुंची। यही हाल शताब्दी एक्सप्रेस का भी है। जो ट्रेन 4 जनवरी से कैंसल की गई हैं, उनमें मुरादाबाद, बरेली, सुल्तानपुर, शाहजहांपुर, बाराबंकी और वाराणसी से चलने वाली पैसेंजर और एक्सप्रेस ट्रेन प्रमुख हैं। वहीं लखनऊ में गुरुवार को आसमान में बादल छाए रहने के कारण धूप में तेजी नहीं थी। वहीं ठंड बढ़ने के कारण लोग अलाव के इर्द-गिर्द नजर आए। मौसम विभाग के निदेशक जेपी गुप्ता ने बताया कि अभी ठंड और कोहरा दोनों बढ़ेगा। उन्होंने बताया कि सबसे ज्यादा ठंडा मुजफ्फरनगर रहा जहां का तापमान .6 डिग्री सेल्सियस रेकॉर्ड किया गया। उन्होंने कहा कि गलन बढ़ेगी और पाला पड़ने की संभावना भी है। 15 जनवरी के बाद मौसम में कुछ तब्दीली आ सकती है।
लखनऊ में गुरुवार की सुबह 9 बजे तक कोहरा छाया रहा। कोहरे का रंग 9.30 बजे के बाद ही उतर पाया। 3 दिन के बाद धूप खिली, इसके बाद भी लखनऊ वासियों को गुरुवार को गलन भरी सर्दी का सामना करना पड़ा। कोहरे से सड़क पर गाडि़यां भी रेंग-रेंग कर चलने के लिए मजबूर है। पिछले 24 घंटे के दौरान ठंड लगने से देवरिया, चंदौली और गाजीपुर में 2-2 और बिजनौर, झांसी और बाराबंकी में 1-1 व्यक्ति की मौत हो गई। इसके साथ ही इस मौसम में ठंड लगने से मरने वालों की तादाद बढ़कर 116 हो गई है।
कोहरे के कारण ही दिल्ली से आने वाली गोरखधाम एक्सप्रेस, वैशाली एक्सप्रेस, आम्रपाली एक्सप्रेस काफी देरी से पहुंची। यही हाल शताब्दी एक्सप्रेस का भी है। जो ट्रेन 4 जनवरी से कैंसल की गई हैं, उनमें मुरादाबाद, बरेली, सुल्तानपुर, शाहजहांपुर, बाराबंकी और वाराणसी से चलने वाली पैसेंजर और एक्सप्रेस ट्रेन प्रमुख हैं। वहीं लखनऊ में गुरुवार को आसमान में बादल छाए रहने के कारण धूप में तेजी नहीं थी। वहीं ठंड बढ़ने के कारण लोग अलाव के इर्द-गिर्द नजर आए। मौसम विभाग के निदेशक जेपी गुप्ता ने बताया कि अभी ठंड और कोहरा दोनों बढ़ेगा। उन्होंने बताया कि सबसे ज्यादा ठंडा मुजफ्फरनगर रहा जहां का तापमान .6 डिग्री सेल्सियस रेकॉर्ड किया गया। उन्होंने कहा कि गलन बढ़ेगी और पाला पड़ने की संभावना भी है। 15 जनवरी के बाद मौसम में कुछ तब्दीली आ सकती है।











0 comments:
Post a Comment